What does it mean to have low blood sodium in body – शरीर में सोडियम की कमी होना

शरीर में सोडियम की कमी होना का मतलब ?- ( What does it mean to have low blood sodium?)

सोडियम (sodium) एक प्रकार का आवश्यक इलेक्ट्रोलाइट (electrolytes) है जो कि शरीर की कोशिकाओं के आसपास और आसपास के पानी के संतुलन को बनायें रखने में मदद करता है, मुख्य मांसपेशियों और तंत्रिका समारोह के लिए यह अत्यधिक महत्वपूर्ण होता है। यह स्थिर रक्तचाप के स्तर को बनाए रखने के लिये भी मदद करता है। आपके रक्त में अपर्याप्त सोडियम का होना (sodium deficiency in body), हाइपोनैरेमिया के रूप मे जाना जाता है। ऐसा पानी और सोडियम संतुलन से बाहर हो जाने पर होता हैं। दूसरे शब्दों में, आपके रक्त में या तो बहुत अधिक पानी या पर्याप्त सोडियम नहीं है। आम तौर पर, आपका सोडियम स्तर प्रति लीटर 135 और 145 मिलीमीटर (मीक / एल) के बीच होना चाहिए। Hyponatremia तब होता है जब आपका सोडियम स्तर 135 एमईक / एल से नीचे चला जाता है।

सोडियम का स्तर बढ जाना (high sodium levels) या घट जाना (low sodium levels) दोनो ही स्वास्थ के लियें हानिकारक है जिस प्रकार सोडियम का स्तर बढने पर अटैक का खतरा बढ जाता है उसी प्रकार सोडियम की कमी से डिहाइड्रेशन का खतरा भी बढ जाता है मतलब साफ है कि सोडियम का बढना या घटना स्वास्थय के लियें खतरनाक साबित हो सकता है ।

अगर हम सोडियम के स्तर की शरीर मे कमी होने की बात करे तो ये बेहद ही खतरनाक स्थिति हो सकती है, और शरीर मे सोडियम की कमी होना मतलब की – dangerously low sodium levels, जानलेवा  भी साबित हो सकती है ।

 

शरीर में सोडियम की कमी होने के लक्षण – ( Symptoms of low sodium in blood)

शरीर में सोडियम की कमी लक्षण (sodium deficiency symptoms) की बात कि जाय तो ये इसका प्रभाव अलग अलग लोगों पर निर्भर करता है, क्यों कि कुछ लोगों में इसका असर धीरे धीरे होता है जिस कारण तुरन्त इसके लक्षण को समझ पाना मुमकिन नही और अगर ये असर तेजी से होता है तो इसके लक्षण जल्द समझ में आने लगते है – जैसे कि

  1. ज्यादा पसीना आना सम्बन्धित समस्या होना (Sweating Related Problem)
  2. लगातार उल्टी या डायरिया की समस्‍या होना ( Vomiting Problem)
  3. थकान, डिहाइड्रेशन, निम्न रक्तचाप, मांसपेशियों में खिंचाव की समस्या होना ( Dehydration, low blood pressure, muscle cramps or spasms problem )
  4. चिडचिडा होना (irritability)
  5. भ्रमित होना मतलब कि कुछ समझ न आना (confusion)
  6. सिरदर्द होना (headache)

इसके अलावा हाइपोनैट्रीमिया के कारण मस्तिष्क की कोशिकाओं में सूजन आने लगती है। इसीलिए ऐसे में न्यूरोजिकल लक्षण प्रकट होने लगते हैं जैसे सिर दर्द, जी मिचलाना और थकान होना। और सही कारण समझ न आने पर व्‍यक्ति धीरे-धीरे होश खोने लगता है या पूरी तरह बेहोश भी हो सकता है।

शरीर में सोडियम की कमी होने के कारण – (Causes of low sodium in blood)

सोडियम की कमी कई कारणों से हो सकती है, यदि आपका शरीर बहुत अधिक पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स खो देता है तो आपके सोडियम का स्तर बहुत कम हो सकता है। Hyponatremia कुछ चिकित्सा स्थितियों का एक लक्षण भी हो सकता है ।

इसके अलावा सोडियम की कमी के अन्‍य कारणों में एड्रिनल ग्लैंड के सही तरीके से काम न करने के कारण हाइपोएड्रिनलिज्म की शिकायत से टीबी की बीमारी होने के कारण भी सोडियम की कमी हो सकती है। ज्यादा उल्टी होने या डायरिया की समस्या में भी सोडियम का अभाव हो सकता है। साथ ही दिल और किडनी संबंधी रोगों के अलावा गर्मियों में ज्यादा पसीना आने से भी सोडियम की कमी होने लगती है।

और भी कई कारण हो सकते है – जो है –

शरीर में सोडियम की कमी से किस उम्र के लोग ज्यादा प्रभावित हो सकते है? (Who is at risk for low sodium in blood?)

अक्सर यह समस्‍या उम्रदराज लोगों में ज्यादा देखी जाती है, साथ ही डायबिटीज या हाई ब्लड प्रेशर के मरीजों के  डायूरेटिक दवाएं लेने के कारण शरीर से सोडियम उत्सर्जित होता है। कई बार ज्यादा उत्सर्जन से भी सोडियम की कमी हो जाती है।

 

शरीर में सोडियम की कमी के लिये करायें ये टेस्ट – (Tests for low sodium in blood)

सोडियम की कमी की जांच के लिए ब्लड टेस्ट (blood test for sodium deficiency in body) मददगार होता है , अगर आपके शरीर में सोडियम की कमी के लक्षण नही है तो डाक्टर आपकों metabolic panel से सम्बन्धित टेस्ट करवाने के लियें बोल सकता है जिसके कि ये इलेक्ट्रोलाइट खनिजों की मात्रा का परीक्षण किया जा सकता है।

यदि आपके स्तर असामान्य हैं, तो आपका डॉक्टर आपके मूत्र में सोडियम की मात्रा की जांच करने के लिए मूत्र परीक्षण का आदेश देगा। इस परीक्षण के नतीजे आपके डॉक्टर को आपके कम रक्त सोडियम के कारण का निर्धारण करने में मदद करेंगे: यदि आपके रक्त सोडियम के स्तर कम हैं लेकिन आपके पेशाब सोडियम के स्तर अधिक हैं, तो आपका शरीर बहुत अधिक सोडियम खो रहा है। आपके रक्त और आपके मूत्र दोनों में कम सोडियम स्तर का मतलब है कि आपका शरीर पर्याप्त सोडियम में नहीं ले रहा है। आपके शरीर में भी बहुत अधिक पानी हो सकता है।

शरीर में सोडियम की कमी के लिये उपचार (Treatment for low blood sodium)

कम रक्त सोडियम के लिए उपचार कारण के आधार पर भिन्न होता है। इसमें शामिल हो सकते हैं:

1. द्रव सेवन पर नियंत्रण करना

2. मूत्रवर्धक के खुराक को समायोजित करना (ऐसे पेयजल पदार्थों का सेवन न करना जिससे कि मूत्रवर्धक हो)

3. सिरदर्द, मतली, और दौरे जैसे लक्षणों के लिए दवाएं लेना

4.अंतर्निहित स्थितियों का इलाज

5. एक अंतःशिरा (चतुर्थ) सोडियम समाधान

सोडियम की कमी व्यक्ति में दो तरह से पूरी की जाती है। अगर मरीज खाने की स्थिति में है तो उसे सोडियम सप्लीमेंट जैसे नमक से बनी चीजें दी जाती हैं और यदि बेहोशी की हालत में है तो उसे विशेषज्ञ की देखरेख में ड्रिप लगाकर सोडियम कंपाउंड चढ़ाया जाता है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि आप नमक की मात्रा बहुत अधिक मात्रा में बढ़ा दें। दिनभर में नमक की छह ग्राम से ज्यादा मात्रा न लें। पर्याप्त पानी पिएं और स्‍वस्‍थ आहार लें।

शरीर में सोडियम की कमी के रोकन के लिये – Prevention of low blood sodium)

पानी और इलेक्ट्रोलाइट स्तर को सही तरीके से संतुलित करके ही यानि कि low sodium treatment at home का हम ये तरीका अपनाकर, हम शरीर मे सोडियम की कमी होने से रोक सकते है  ।

यदि आप एक athlete है या आप ऐसा काम करते है जिसमे अत्यधिक मेहनत की आवश्यकता पडती है तो आपको व्यायाम या काम के दौरान उतना ही पानी पिना चाहियें जितना आपकी जरूरत हो इसके साथ साथ आपको dehydration से बचने के लियें नमक का घोल या ऐसे पेय पदार्थ का सेवन करना चाहियें जिसमे नमक की संतुलित मात्रा उपस्थित हो जैसे कि Energy Drink Water ले सकते है ।

ये पेय पदार्थ आपको नमक की कमी से होने वाले समस्याओं से बचाव करते है क्यों कि इन पेय पदार्थ में नमक व इलेक्ट्रोलाइट की मात्रा पायी जाती है जो कि दस्त, नमक की कमी से होने वाली समस्याओं से सम्बन्धित बीमारियों को दुर करने में मदद करती है ।

आपको अपने तरल पदार्थ के सेवन की अत्यधिक जरूरत कब होती है ?

  1. जब मौसम गरम हो
  2. जब आप अत्यधिक उचाई में हो
  3. आप गर्भवती हैं या स्तनपान कर रहे हैं
  4. तुम उल्टी हो
  5. आपको दस्त है
  6. तुम्हें बुखार है